Patna News: भारत की आगामी ‘जनगणना-2027’ को लेकर बिहार सरकार ने अपनी तैयारियों से पूरे देश को चौंका दिया है। मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में आयोजित उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में यह सामने आया कि बिहार ने मात्र सात दिनों के भीतर जनगणना के प्रारंभिक चरण (HLBC) में रिकॉर्ड तोड़ प्रगति हासिल की है।
राज्य में एच.एल.बी. (HLB) सीमांकन और जियो-टैगिंग का काम लगभग शत-प्रतिशत पूरा हो चुका है, जो राष्ट्रीय स्तर पर बिहार की मजबूत प्रशासनिक इच्छाशक्ति को दर्शाता है।
एक सप्ताह की ‘सुपरफास्ट’ प्रगति: 20% से सीधे 99% के पार
मुख्य सचिव ने बैठक के दौरान आंकड़ों के जरिए राज्य की शानदार उपलब्धि को साझा किया:
- रिकॉर्ड सीमांकन: 20 अप्रैल तक जो सीमांकन कार्य मात्र 20.39% पर था, वह 27 अप्रैल तक 99.64% पहुँच गया।
- जियो-टैगिंग की सफलता: जियो-टैगिंग में भी बिहार ने लंबी छलांग लगाई है, जो 23.92% से बढ़कर अब 99.67% हो गई है।
- जिलों का शानदार प्रदर्शन: राज्य के 33 जिलों ने सीमांकन और जियो-टैगिंग दोनों में 100% लक्ष्य हासिल कर लिया है। कुल 2,04,474 HLB में से 2,03,745 का कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो चुका है।
‘स्व-गणना’ (Self-Enumeration) में वैशाली और मधुबनी सबसे आगे
डिजिटल इंडिया की दिशा में कदम बढ़ाते हुए बिहार के लोग अब ‘स्व-गणना’ ऐप का भी बढ़-चढ़कर उपयोग कर रहे हैं:
- पिछले 7 दिनों में 24 लाख से अधिक नए परिवारों ने अपनी गणना पूरी की है।
- वैशाली (4,46,307) जिला स्व-गणना के मामले में पूरे राज्य में नंबर वन पर है।
- मधुबनी (4,30,974) दूसरे और गोपालगंज (1,73,678) तीसरे स्थान पर काबिज है।
- राजधानी पटना और भोजपुर ने भी इस लिस्ट में शीर्ष पाँच में अपनी जगह बनाई है।
मुख्य सचिव के सख्त निर्देश: “डेटा की शुद्धता से कोई समझौता नहीं”
काम की रफ्तार की सराहना करते हुए मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने जिलाधिकारियों को आगामी चरण के लिए मिशन मोड में रहने का निर्देश दिया है:
- 24 घंटे की डेडलाइन: जिन 5 जिलों में कार्य थोड़ा भी शेष है, उन्हें अगले 24 घंटे के भीतर 100% लक्ष्य पूरा करने को कहा गया है।
- फील्ड वेरिफिकेशन: केवल डिजिटल डेटा पर निर्भर न रहकर 100% जियो-टैगिंग का जमीन पर जाकर (On-field) पुनः सत्यापन किया जाए ताकि डेटा पूरी तरह शुद्ध हो।
- वार्ड स्तर पर अभियान: शेष परिवारों को स्व-गणना के लिए प्रेरित करने हेतु वार्ड स्तर पर जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
- डिजिटल ट्रेनिंग: जनगणना कर्मियों को अंतिम दौर का प्रशिक्षण देने और उन्हें आवश्यक डिजिटल उपकरणों व लॉगिन आईडी के साथ तैयार रहने को कहा गया है।
राष्ट्रीय कार्य में अग्रणी रहने का संकल्प
मुख्य सचिव ने स्पष्ट किया कि जिलाधिकारी स्वयं प्रतिदिन डैशबोर्ड के माध्यम से प्रगति की निगरानी करें। बिहार का लक्ष्य जनगणना-2027 के हर चरण में देश का अग्रणी राज्य बने रहना है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई इस बैठक में सभी प्रमंडलीय आयुक्त और जिलाधिकारियों ने अपनी रिपोर्ट पेश की।


