Bhagalpur News: बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU), सबौर का प्रांगण आज खुशियों और गौरव के क्षणों से सराबोर रहा। अवसर था विश्वविद्यालय के नौवें दीक्षांत समारोह का, जहाँ बिहार के महामहिम राज्यपाल ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक और भव्य तरीके से हुई, जहाँ राज्यपाल का स्वागत मिथिला और बिहार की पहचान ‘मखाना की माला’ पहनाकर किया गया।
नवाचार को बढ़ावा: नवनिर्मित स्विमिंग पूल का लोकार्पण
शिक्षा के साथ-साथ छात्र सुविधाओं पर जोर देते हुए राज्यपाल ने विश्वविद्यालय परिसर में नवनिर्मित स्विमिंग पूल का भी उद्घाटन किया। कुलपति की अध्यक्षता में आयोजित इस गरिमामय समारोह में विश्वविद्यालय के अधिकारी, शिक्षक, अभिभावक और कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।
उपलब्धियों का लेखा-जोखा: 443 छात्रों को मिली डिग्री
दीक्षांत समारोह के दौरान विभिन्न संकायों के कुल 443 विद्यार्थियों को उनकी मेहनत का फल मिला। डिग्रियों का विवरण इस प्रकार है:
- स्नातक (UG): 339 विद्यार्थी
- स्नातकोत्तर (PG): 91 विद्यार्थी
- पीएचडी (PhD): 13 शोधार्थी
गोल्ड मेडल और सर्वश्रेष्ठ पुरस्कारों की धूम
अकादमिक क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 7 मेधावी छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल से नवाजा गया। इसके साथ ही, शोध और अध्यापन को प्रोत्साहित करने के लिए ‘सर्वश्रेष्ठ शिक्षक पुरस्कार’ और ‘सर्वश्रेष्ठ शोधार्थी पुरस्कार’ भी प्रदान किए गए।
डिजिटल सुरक्षा: क्यूआर कोड और डिजिलॉकर की सुविधा
इस बार दीक्षांत समारोह में तकनीकी नवाचार भी देखने को मिला। छात्रों को प्रदान किए गए प्रमाण-पत्रों को आधुनिक तकनीक से सुरक्षित किया गया है।
खास बात: इन डिग्रियों में माइक्रो प्रिंटिंग और क्यूआर कोड जैसी सुविधाएं दी गई हैं, जिससे फर्जीवाड़े की गुंजाइश खत्म हो जाएगी। साथ ही, सभी प्रमाण-पत्र डिजिलॉकर पर भी अपलोड कर दिए गए हैं ताकि छात्र कहीं भी इसे डिजिटल रूप में एक्सेस कर सकें।
उज्ज्वल भविष्य की ओर कदम
यह समारोह केवल डिग्री वितरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह कृषि क्षेत्र में नए विशेषज्ञों के शामिल होने और उनके उज्ज्वल भविष्य के संकल्प का प्रतीक बना। राज्यपाल ने छात्रों को कृषि क्षेत्र में नवाचार लाने और बिहार के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
रिपोर्ट: आलोक कुमार झा, भागलपुर


