Bhagalpur News: महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाने और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए बिहार राज्य महिला आयोग ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। सिल्क सिटी भागलपुर के परिसदन (सर्किट हाउस) में दो दिवसीय विशेष कार्यक्रम ‘महिला आयोग आपके द्वार’ का शुभारंभ किया गया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व आयोग की अध्यक्ष अश्वमेध देवी (अप्सा) कर रही हैं।
दहेज उत्पीड़न के मामलों ने बढ़ाई चिंता
कार्यक्रम के दौरान मीडिया से बात करते हुए राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष ने बताया कि भागलपुर जिले में महिलाओं से जुड़े लगभग 600 मामले फिलहाल लंबित हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि इन शिकायतों में सबसे बड़ी संख्या दहेज उत्पीड़न से संबंधित मामलों की है। इसके अलावा घरेलू हिंसा और पारिवारिक विवादों के मामले भी बड़ी तादाद में सामने आए हैं।
त्वरित न्याय और जागरूकता पर जोर
अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि इस दो दिवसीय शिविर का मुख्य उद्देश्य फाइलों में दबे मामलों को बाहर निकालना और पीड़ित महिलाओं को न्याय के लिए दफ्तरों के चक्कर काटने से बचाना है।
”आयोग की प्राथमिकता है कि महिलाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जाए। इस विशेष शिविर के माध्यम से पीड़ित महिलाएं सीधे आयोग के समक्ष अपनी बात रख पा रही हैं, जिससे मामलों का ऑन-स्पॉट समाधान करने में मदद मिल रही है।”
— श्रीमती अश्वमेध देवी, अध्यक्ष, बिहार राज्य महिला आयोग
प्रशासनिक अमला और पीड़ितों की भीड़
परिसदन में आयोजित इस सुनवाई के दौरान बड़ी संख्या में पीड़ित महिलाएं अपनी फरियाद लेकर पहुंचीं। आयोग की टीम के साथ जिला प्रशासन के अधिकारी भी मौजूद रहे, ताकि कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को मौके पर ही पूरा कर पीड़ितों को राहत दी जा सके। टीम द्वारा गंभीर मामलों में पुलिस प्रशासन को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए।


