Bhagalpur News: भागलपुर समाहरणालय में बुधवार को जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी की अध्यक्षता में अभियोजन, स्पीडी ट्रायल एवं मद्यनिषेध से संबंधित मामलों की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले के वरीय प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों के साथ-साथ अभियोजन विभाग के पदाधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव, नगर पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र सिंह, अपर समाहर्ता दिनेश राम, अपर जिला दंडाधिकारी (विधि व्यवस्था) राकेश कुमार रंजन, जिला विधि शाखा की प्रभारी पदाधिकारी डॉ. मीनाक्षी, जिला अभियोजन पदाधिकारी, लोक अभियोजक एवं सभी अपर लोक अभियोजक मौजूद रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य गंभीर मामलों के त्वरित निष्पादन और न्यायिक प्रक्रिया को गति देना था।
जिलाधिकारी ने समीक्षा के दौरान विशेष रूप से स्पीडी ट्रायल से जुड़े मामलों में तेजी लाने पर जोर दिया। उन्होंने अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम, पॉक्सो एक्ट और अन्य गंभीर आपराधिक मामलों में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि पीड़ितों को समय पर न्याय मिल सके।
इसके अलावा, मद्यनिषेध से जुड़े मामलों पर भी विशेष चर्चा की गई। डीएम ने शराब माफिया और आदतन अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने तथा मामलों में ठोस साक्ष्य और प्रभावी पैरवी के माध्यम से दोषियों को सजा दिलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस तरह के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक एवं अन्य पुलिस अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए कि सभी मामलों में गवाहों की समय पर उपस्थिति हो, ताकि सुनवाई में देरी न हो और न्यायिक प्रक्रिया बाधित न हो।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि प्रशासन का लक्ष्य न्यायिक प्रक्रिया को पारदर्शी, त्वरित और प्रभावी बनाना है। इसके लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है।
यह बैठक जिले में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और न्यायिक मामलों के त्वरित निष्पादन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
भागलपुर में स्पीडी ट्रायल और गंभीर मामलों की समीक्षा, डीएम ने दिए सख्त निर्देश
पॉक्सो, एससी-एसटी एक्ट और मद्यनिषेध मामलों में तेजी लाने पर जोर—गवाहों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने का निर्देश
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