Bhagalpur News: सामाजिक-सांस्कृतिक संस्था ‘समवेत’ द्वारा रविवार, 29 मार्च को शहर के ग्रैंड रॉयल हॉल (जीछो दुर्गा मंदिर के सामने) में एक विशेष नेतृत्व विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। “वे जो बदलेंगी दुनिया” विषय पर आधारित इस कार्यक्रम में सन्हौला और खरीक प्रखंड की लगभग 70 किशोरियों ने हिस्सा लिया और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया।
दीप प्रज्वलित कर हुआ भव्य शुभारंभ
कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन मुख्य अतिथि डॉ. अर्चना झा (व्याख्याता, JLNMC), डॉ. रुचि श्री (राजनीति शास्त्र, TMBU), डॉ. कंचन प्रसाद (SM कॉलेज), समवेत की अध्यक्ष छाया पांडे और शिक्षिका करुणा चोखानी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। अतिथियों का स्वागत संस्था की कार्यकर्ता पुष्पा, करिश्मा, आशा और नीतू मुर्मू ने पुष्पगुच्छ भेंट कर किया।
सशक्तिकरण के लिए नेतृत्व जरूरी: वर्षा ऋतु
प्रशिक्षण की विषय-वस्तु पर प्रकाश डालते हुए वर्षा ऋतु ने कहा कि महिलाओं का संघर्ष व्यक्तिगत से लेकर सामाजिक स्तर तक है। समानता के लिए खुद को सशक्त करना और नेतृत्व गुणों को विकसित करना आज के समय की सबसे बड़ी मांग है।
विशेषज्ञों ने दिए सफलता के मंत्र
- डॉ. अर्चना झा: उन्होंने कहा कि नेतृत्व केवल कोई पद नहीं, बल्कि जिम्मेदारी उठाने और समाज को बदलने की क्षमता है। बेटियों को आत्मविश्वासी बनना होगा।
- डॉ. रुचि श्री: उन्होंने राजनीतिक और सामाजिक नेतृत्व पर चर्चा करते हुए लड़कियों को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और शिक्षित होने के लिए प्रेरित किया।
- डॉ. कंचन प्रसाद: उन्होंने ‘सफलता की यात्रा’ पर बात करते हुए धैर्य और निरंतर प्रयास को सफलता की कुंजी बताया।
कुप्रथाओं के अंत का संकल्प
समवेत की अध्यक्ष छाया पांडे ने संस्था के विजन को साझा करते हुए कहा कि उनका लक्ष्य ड्रॉपआउट रेट को शून्य करना और बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराइयों को जड़ से मिटाना है। वहीं, करुणा चोखानी ने शिक्षा को सशक्तिकरण का सबसे बड़ा हथियार बताया।
सक्रिय भागीदारी और सम्मान
कार्यक्रम के अंत में समवेत के निदेशक श्री विक्रम ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। आयोजन को सफल बनाने में राहुल, आनंद, सत्यम और संस्था की पूरी टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रशिक्षण के दौरान किशोरियों ने विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से टीम वर्क और डिसीजन मेकिंग स्किल्स को करीब से समझा।


