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टीएनबी कालेज में इंडक्शन प्रोग्राम का हुआ आयोजन, शिक्षकों ने छात्रों को दिए सफलता के टिप्स…

रिपोर्ट – सैयद ईनाम उद्दीन

सिल्क टीवी/भागलपुर (बिहार) :भागलपुर टीएनबी कालेज प्रशाल में बुधवार को इंडक्शन प्रोग्राम आयोजित कर नए सत्र के विद्यार्थियों को सफलता के टिप्स दिए गए। कार्यक्रम की शुरुआत कुलगीत से हुई। इसके बाद प्राचार्य डॉ. संजय कुमार चौधरी, प्रो. केपी सिंह, प्रो. संजय झा, प्रो. राजीव सिंह और डॉ. श्वेता पाठक ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया।

इंडक्शन प्रोग्राम में छात्रों को टिप्स देते शिक्षक

इंडक्शन प्रोग्राम में इंटरमीडिएट, स्नातक, पीजी, वोकेशनल और सर्टिफिकेट कोर्स की विस्तृत जानकारी विद्यार्थियों को दी गई। वहीं अपने अध्यक्षीय संबोधन में प्राचार्य डॉ. संजय कुमार चौधरी ने कॉलेज में एडमिशन लेने वाले सभी स्टूडेंट्स को शुभकामनाएं दी। साथ ही कॉलेज के गौरवशाली इतिहास और अनुशासन पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कॉलेज में अनुशासन को प्राथमिकता पर रखा जाता है, इसलिए छात्रों को अपनी उपस्थिति का खास ध्यान रखना होगा।

75 प्रतिशत या उससे अधिक उपस्थिति होने पर ही छात्रों को परीक्षा में सम्मिलित होने दिया जाएगा। बताया कि कॉलेज में पढ़ाई के साथ साथ छात्रों के सर्वांगीण विकास पर भी बल दिया जाता है, इसलिए छात्र छात्रा अपने अपने रुचि और लक्ष्य के आधार पर विभिन्न कार्यक्रमों से जुड़कर अपना व्यक्तित्व विकास कर सकते हैं। प्राचार्य ने कहा कि कॉलेज में इंटरमीडिएट, स्नातक और पीजी की पढ़ाई के साथ कुछ विषय में सर्टिफिकेट कोर्स भी कराए जाते हैं। मंच से छात्रों को कॉलेज में IGNOU सेंटर, लाइब्रेरी, ट्यूटोरियल क्लासेज, एकेडमिक कैलेंडर और स्पोर्ट्स काउंसिल की जानकारी भी दी गई।

इस दौरान भौतिकी विभाग के शिक्षक डॉ. उमाकांत ने छात्रों को भौतिकी विषय के विषयवस्तु और विभाग के रूटीन को बताया। जबकि रसायनशास्त्र के शिक्षक प्रो. राजीव कुमार सिंह ने छात्रों से संवाद स्थापित करते हुए उन्हें महाविद्यालय के विभिन्न स्वरूप और इकाइयों के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि टीएनबी में इंटर ऑफ साइंस में कुल 1024 सीट है। प्रो. राजीव ने कहा कि साइंस सब्जेक्ट में थ्योरी के साथ साथ प्रैक्टिकल का महत्व होता है। उन्होंने छात्रों को विषय के बेसिक को मजबूत करने के लिए के लिए NCERT की किताबों का उपयोग करने की बात कही। वहीं गणित विभाग के डॉ. एस एन पांडे ने छात्रों को गणित की बारीकी समझने का सुझाव दिया और अधिक से अधिक अभ्यास करने पर जोर दिया। Botany विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अरविंद कुमार ने छात्रों को विभाग से जुड़े कई महान हस्तियों के बारे में बताया और कहा की टीएनबी कॉलेज में ही सबसे पहले बायोलॉजी विषय की शुरुआत हुई।

उन्होंने जानकारी दी कि इसी कॉलेज के बॉटनी विभाग के पूर्व शिक्षक डॉ. रामदेव मिश्र को Father of Ecology कहा जाता है। इंडक्शन प्रोग्राम में सामाजिक विज्ञान और मानविकी विषयों की रूपरेखा बताते हुए राजनीति विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मनोज कुमार ने कहा कि अब Multidisciplinary Education का समय है। अपने संबोधन में डॉ. मनोज ने छात्रों को क्लास में नियमित रूप से उपस्थित होने, कॉलेज यूनिफॉर्म और Identity Card रोज लेकर आने की बात कहते हुए पुस्तकालय में समय देने और विभाग से संबंधित सारी सूचनाएं कॉलेज वेबसाइट से लेने का सुझाव दिया। उन्होंने बताया कि किसी भी विषय के छात्रों के लिए 11th क्लास एक नर्सरी की तरह है, और इसी का अपग्रेडेशन छात्रों को आगे की कक्षाओं में पढ़ने को मिलता है। इसलिए स्टूडेंट्स को अपने विषय के मूलभूत तथ्यों पर अभी से ध्यान देकर नोट्स बनाने की आदत डालनी चाहिए।

भूगोल विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अनिरुद्ध कुमार ने छात्रों को NSS, कॉलेज रूटीन और परीक्षा के स्वरूप के बारे में बताया। जबकि अंग्रेजी विभाग के अध्यक्ष डॉ. मिथिलेश कुमार सिन्हा ने छात्रों को अंग्रेजी विषय के प्रति रुझान बढ़ाने को कहा, और कहा की अंग्रेजी एक Professional और Global Subject है। BCA विभाग के शिक्षक डॉ. आनंद कुमार पांडेय ने BCA कोर्स की संरचना बताते हुए छात्रों को इस विषय में करियर बनाने के विभिन्न सुझाव दिए। कार्यक्रम में बायोटेक्नोलॉजी विभाग की शिक्षिका डॉ. रिचा, सांस्कृतिक परिषद की सचिव डॉ. जनक कुमारी श्रीवास्तव, परीक्षा विभाग के डॉ. अमिताभ चक्रवर्ती, अर्थशास्त्र विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संजय कुमार झा, NSS के डा. सुमन कुमार, डा. राजेश तिवारी समेत कई शिक्षकों ने छात्र छात्राओं को अलग-अलग विषय पर जानकारी दी।

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